August 26, 2026

News Flow

Khabar Bina Ruke Sabse Pehle

काशीपुर पहुँचे भजन गायक कन्हैया मित्तल ने “जो राम को लाये हैं, हम उनको लाएंगे।” भजन गाकर किया मंत्रमुग्ध।

Spread the love

काशीपुर में देर रात आयोजित भजन संध्या में पूर्व में हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के यज्ञ में आहुति देने वाले भजन गायक कन्हैया मित्तल ने भजन संध्या में अपने भजनों से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया तथा उन्हें झूमने पर भी मजबूर कर दिया। खाटू श्याम बाबा के संकीर्तन में काशीपुर पहुंचे कन्हैया मित्तल ने कार्यक्रम से पूर्व प्रेस वार्ता आयोजित की। इस दौरान उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तारीफ करते हुए शरारती तत्वों की काफी आलोचना की।

दरअसल काशीपुर में मुरादाबाद रोड स्थित नवीन अनाज मंडी के सभी आढ़तियों के द्वारा श्री खाटू श्याम बाबा का संकीर्तन का आयोजन किया गया था। संकीर्तन कार्यक्रम में रूप से भजन गायक कन्हैया मित्तल पहुंचे थे, इसके अलावा बरेली से राम श्याम भाईयों की जोड़ी, दिल्ली से दीपांशी सोलंकी और रुद्रपुर से भजन गायक अमन सांवरिया सहित सभी ने अपनी अपनी प्रस्तुति दी। जैसे ही कन्हैया मित्तल मंच पर पहुंचे, पंडाल में मौजूद हजारो की संख्या में उन्हें सुनने पहुंचे बाबा के भक्त और श्रोता मंत्रमुग्ध हो गए। जैसे ही कन्हैया मित्तल ने अपना प्रसिद्ध गीत “जो राम को लाये हम उनको लाएंगे” गाया पूरा पंडाल भगवा झंडों के साथ झूम उठा। खाटू श्याम बाबा के भी अनेकों भजन गाये। कार्यक्रम से पूर्व उन्होंने एक होटल में मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होंने देशभर में हाल फिलहाल में हुए खराब माहौल के बारे में बोलते हुए कहा कि पुरानी सरकारों के समय में किसी हिंदू की मृत्यु हो जाती थी तो वह दब जाता था, आज हिंदू अपने पक्ष की बात कर रहा है। शरारती तत्वों पहले थे वह आज भी है। अब बस फर्क इतना है कि पहले शरारत होती थी तो सनातनी चुप हो जाता था क्योंकि उसे पता था कि मेरी सुनवाई नहीं होगी। आज सारा हिन्दू समाज अपनी आवाज एक होकर रखता है। जब मुस्लिम वर्ग, सिख वर्ग तथा ईसाई वर्ग एक होकर काम कर सकता है कि हिंदू एक होकर काम क्यों नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि आज वही एकता का प्रतीक है। हमारे यहां पर पर्वतों से लेकर नदियों तथा गाय को भी माता का दर्जा दिया जाता है। पड़ोसी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बारे में बोलते फिर उन्होंने कहा कि उनसे मुलाकात करने का सौभाग्य उन्हें मिलता रहता है। योगी आदित्यनाथ से उनका संबंध गुरु शिष्य का है। उन्होंने कहा कि उन्होंने गीत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के लिए नहीं बल्कि संतो के लिए गाया है। वहीं उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से वह पहले मिले और उनकी सरलता से परिचित होकर ही उनके लिए भी गीत गाया। उन्होंने कहा कि उनका भगवे से मतलब भाजपा से नहीं है। जो सनातनी है वह भगवा धारी है वह किसी राजनीतिक दल का मोहताज नहीं है। भगवा सनातनी धर्म का प्रतीक है ना कि किसी राजनैतिक दल का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के लिए गीत गाया वह एक सन्त हैं, धामी के लिए गीत गाया तो उन्होंने केदारनाथ सजाया। जो धामों को सजायेगा वह उनके लिए गाएंगे। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में उन्होंने कहा कि आज से साढ़े 3 साल पहले तक उनका नरेंद्र मोदी के प्रति कोई नजरिया नहीं था क्योंकि देश मे सड़के बनवाना, हाईवे बनवाना, अस्पताल बनवाना, स्वास्थ्य तथा शिक्षा पर काम करना सरकारों का काम है हमने उन्हें वोट दिया है लेकिन अयोध्या मामले पर फैसला आने के बाद उनका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति नजरिया बदल गया। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी के द्वारा पहले राम मंदिर को सजाना, काशी को सजाना, केदारनाथ को सजाना, उसके बाद बाबा के घर जाना तथा तेलंगाना में एक मूर्ति का शिलान्यास किया। इसीलिए हम सनातनी देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अंदर अपने आपको देखता है। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि इतिहास में पहली बार हुआ है कि देश का प्रधानमंत्री लोटा लेकर आधा घंटा काशी विश्वनाथ धाम में बैठकर का जलाभिषेक करता हो। हमारा देश देवभूमि है।

You may have missed